आंवती: कल की बात का मारवाड़ी नाम
आज मारवाड़ी-मुक्ति का शब्द है आंवती, यानी भविष्य — जो आने वाला समय है। यह शब्द छोटा है, पर इसमें सपने, योजना और थोड़ी सी आस सब आ जाती है। जयपुर के घरों में कभी-कभी लोग बोल देते हैं, “म्हारे आंवती में गाँव जाना है,” या “आंवती में पढ़ाई पक्की करनी है।” इसका मज़ा यही है कि यह सीधा और अपना लगता है, जैसे घर की बात। हिंदी में “भविष्य” थोड़ा भारी लग सकता है, पर आंवती बोलते ही बात हल्के से दिल तक पहुँचती है। आज का एक छोटा सा काम: इस शब्द को एक बार अपनी बात में जोड़कर देखो। सही लगता है ना?
