चेन्नई ओपन में जयपुर का स्थिर स्कोर
चेन्नई ओपन नेशनल गोल्फ चैंपियनशिप में जयपुर के प्रखर असावा ने दो राउंड के बाद संयुक्त 23वीं स्थिति बनाई। पहले दिन उनका 3-अंडर का कार्ड आया, जो किसी भी गोल्फर के लिए अच्छा संकेत होता है, क्योंकि इससे लगता है कि कोर्स के साथ ताल मिल रही है। दूसरे दिन पार पर रहकर उन्होंने स्कोर को संभाला, और यही स्थिरता टूर्नामेंट में काम आती है। गोल्फ का मजा भी इसी में है: एक दिन की तेज शुरुआत और अगले दिन का संतुलन, दोनों मिलकर पूरी तस्वीर बनाते हैं। चेन्नई जैसे कठिन सेटअप में जयपुर का खिलाड़ी तालिका के बीच से ऊपर की तरफ टिका रहा — बिना शोर, बिना ड्रामा। बस एक सीधा सा संदेश: खेल में निरंतरता ही असली पूंजी है। अब सवाल यह है कि आगे के राउंड में वही लय कितनी दूर तक ले जाती है।
