जयपुर में Army और Police की coordination पर बात
जयपुर में हुई इस बैठक का mood formal से ज़्यादा practical था। Army Commander और Rajasthan DGP ने border security को सिर्फ line-drawing वाला मामला नहीं, बल्कि daily coordination का काम माना। बात इस पर हुई कि border के पास movement को कैसे पहचाना जाए, कौन-सी information तुरंत share हो, और किसी भी alert पर दोनों तरफ का response एक साथ चले। राजस्थान के लिए border security का मतलब सिर्फ एक इलाका नहीं, बल्कि पूरी chain है — thana, wireless, patrolling और quick communication। ऐसे समय में जब speed ही सबसे बड़ी बात होती है, agencies का एक page पर होना काफ़ी मायने रखता है। बैठक का इशारा यही था: काम अलग-अलग नहीं, coordination के साथ होगा। बस इतना ही नहीं, ground level पर इस बात का असर तब दिखेगा जब information delay के बिना आगे बढ़े और response और tight हो।
