जयपुर पुलिस थाने वाले मामले पर मानवाधिकार आयोग सख्त
जयपुर में पुलिस थाने से जुड़ा एक मामला अब मानवाधिकार आयोग तक पहुंच गया है। आयोग ने इस पर स्वतः संज्ञान लिया और तुरंत सीसीटीवी फुटेज, पुलिस रिकॉर्ड तथा विस्तृत रिपोर्ट मांगी। यह कदम इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि पुलिस थाने जैसी जगह पर हर हरकत रिकॉर्ड में आनी चाहिए, ताकि बात हवा में न रहे। आयोग का ध्यान अब घटना के कागजी और तकनीकी रिकॉर्ड पर है — फुटेज, प्रवेश रजिस्टर और अधिकारियों की रिपोर्ट। ऐसे मामलों में असली बात यही होती है कि व्यवस्था खुद कितनी साफ दिख रही है। जयपुर में लोग भी यही देखना चाहेंगे कि जो हुआ, उसका सच रिकॉर्ड से कितना मेल खाता है। घणी देर तक चलने वाली चुप्पी से ज्यादा, अब फाइल और फुटेज बोलेंगे।
