टिकट की गिनती से पहले BJP में घणी सरगोशी
राजस्थान के स्थानीय निकाय चुनावों से पहले BJP ने उम्मीदवारों पर बातचीत तेज़ कर दी है, लेकिन अंतिम सूची अभी तक रुकी हुई है। इसी देरी ने पार्टी के भीतर वह बेचैनी बढ़ा दी है जो टिकट के मौसम में अक्सर दिखती है। जब फ़ैसला देर से होता है, तो हर वार्ड और हर सीट पर अपनी-अपनी उम्मीद और अपना-अपना हिसाब निकल आता है। जयपुर से लेकर ज़िला स्तर तक, टिकट के दावेदार अपनी पंक्ति पकड़े हुए हैं, और पार्टी को बगावत की छोटी-मोटी आग ठंडी रखनी पड़ रही है। एक पुरानी राजनीतिक सच्चाई फिर सामने है — सूची से पहले सब ठीक लगता है, सूची के बाद मिज़ाज बदल जाता है। घणी दिलचस्प बात यह है कि देरी ख़ुद एक संकेत बन गई है। अब सब की नज़र इस पर है कि पहला नाम कब आता है, और उसके बाद कितनी ख़ामोशी बचती है।
