Jaipur Live
← Feed
लोक फाइल्सLok Files

जयपुर की ब्लू पोटरी का कोबाल्ट जादू

Jaipur ki blue pottery ka cobalt jaadu

जयपुर की ब्लू पोटरी देखते ही लगता है जैसे नीला रंग खुद चमकना सीख गया हो। इसमें मिट्टी कम, क्वार्ट्ज और पिसा हुआ काँच ज़्यादा होता है, इसलिए यह साधारण मृद्भांड से अलग दिखती है। रंग भी खास कोबाल्ट से आता है, जो इसकी पहचान बन गया है। सांगानेर और जयपुर के कुछ कारीगर आज भी इस कला को सँभाले हुए हैं। हाथ से आकार देना, फिर नक़्क़ाशी भरना, और आखिर में भट्टी की गर्मी—हर कदम में सब्र चाहिए। घणी बारीक कारीगरी है, इसलिए एक वस्तु बनने में कई दिन लग सकते हैं। और तब जाकर वह नीली चमक निकलती है जो दीवार, थाली या फूलदान को सीधा नज़र में ला देती है। सच्ची, यह सिर्फ सजावट नहीं, जयपुर की मेहनत का रंग है।