पन्ना मीना का कुंड और सेल्फी का ज्यामिति टेस्ट
पन्ना मीना का कुंड, आमेर में खड़ा होकर लगता है जैसे किसी ने पत्थर से गणित का स्कूल बना दिया हो। चारों तरफ सीढ़ियाँ, हर मोड़ पर एक नया कोण, और लोग नीचे उतरते-उतरते खुद को फ्रेम में सेट करते रहते हैं। यहीं असली खेल सेल्फी का है: एक सीढ़ी पर पैर, दूसरी पर संतुलन, और तीसरी पर चेहरे पर वह गंभीर भाव जो सिर्फ कैमरा देखकर आता है। घणी बार लोग फोटो के चक्कर में गिनती भूल जाते हैं — कितनी सीढ़ियाँ चढ़ आए, किस तरफ मुड़ना है, सब दिमाग का इम्तिहान। आमेर की इस जगह का मज़ा भी यही है: पूरा कुंड शांत, पर मोबाइल वाला दृश्य बिल्कुल शोर। सच्ची, जयपुर में नज़ारा देखना आसान है; उसे लाइन में सेट करना मुश्किल।
